शुगर कंट्रोल कैसे करे? इसके लिए विशेषज्ञों के सुझाए ये उपाय अपनाएं!

अगर आपको शुगर है तो शुगर कंट्रोल कैसे करे ये बेहद जरूरी हो जाता है। आज हम कुछ ऐसे सरल उपाय बताने जा रहे हैं जिन्हें अपना कर आप इसे कंट्रोल कर सकते हैं।

व्यायाम

नियमित शारीरिक गतिविधि आपको बेहतर महसूस करने में मदद करती है। यह शरीर में इंसुलिन का स्तर बनाए रखने में आपकी मदद कर सकता है। जिसका अर्थ है कि इससे आपका शरीर बेहतर काम करता है। यह आपके ब्लड शुगर का स्तर स्थिर रखने में मदद कर सकता है। इसके साथ ही व्यायाम तनाव को कम करने में भी मदद कर सकता है। कुछ छोट-छोटे बदलाव बड़े फायदेमंद हो सकते हैं जैसे किः लिफ्ट के बजाय सीढ़ियाँ लें, या अपनी कार घर से दूर पार्क करें आदि। आप बोर होने से बचने के लिए अपनी गतिविधियों को समय-समय पर बदल भी सकते हैं। आप लंबी वॉक या जॉगिंग या एरोबिक गतिविधियां कर सकते हैं।

संतुलित आहार और शुगर की समस्या

मधुमेह या शुगर होने पर आपको विभिन्न खाद्य पदार्थों का आनंद लेने से दूरी बनानी पड़ सकती है। इससे बचने के लिए आपको हमेशा अपने आहार में बिना स्टार्च वाली सब्जियों को शामिल करना चाहिए। जैसे किः

ब्रॉकली
गाजर
खीरा
हरा सलाद
स्क्वाश
टमाटर
फलियाँ
जामुन
खट्टे फल
कम वसा वाले या बिना वसा वाले डेयरी उत्पाद
चिकन या मछली

अगर आप शुगर कंट्रोल कैसे करे ये सोंच रहे हैं तो बिना देर किए, बेहतर डाइट प्लान के लिए आपको अपने डॉक्टर से जरूर बात करनी चाहिए। इससे आपको अपने शुगर का स्तर कंट्रोल करने में मदद मिल सकती है।

तनाव कम करना

अगर आप तनावग्रस्त हैं, तो आप व्यायाम आदि गतिविधियों से किनारा कर सकते हैं, अधिक शराब या सिगरेट पी सकते हैं। तनाव आपके शुगर को बढ़ा सकता है और आपको इंसुलिन के प्रति कम संवेदनशील बना सकता है। टाइप 1 मधुमेह वाले लोगों के अध्ययन में पाया गया कि मानसिक तनाव वाले अधिकांश लोगों के लिए रक्त शर्करा का स्तर ऊपर जाता है और दूसरों के लिए नीचे। यदि आपको टाइप 2 मधुमेह है और आप दबाव महसूस कर रहे हैं, तो आपका ग्लूकोज़ बढ़ जाएगा।

धूम्रपान और शराब

अगर आप धूम्रपान करते हैं, तो आपको गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के साथ-साथ मधुमेह से होने वाली जटिलताओं की संभावना भी अधिक होती है। जैसे किः

  • हृदय और गुर्दे की बीमारी
  • पैरों में खराब रक्त प्रवाह, जिससे संक्रमण का प्रभाव अधिक हो सकता है
  • हाथ और पैरों में तंत्रिका क्षति जो कमजोरी, सुन्नता, दर्द और खराब समन्वय का कारण बनती है

इसके साथ ही अगर आप इंसुलिन या मधुमेह की दवाएं ले रहे हैं, तो शराब पीने से शुगर खतरनाक स्तर तक गिर सकता है। साथ ही जब आप पीते हैं, तो आपके लीवर को आपके शुगर को नियंत्रित करने के बजाय आपके रक्त से अल्कोहल को निकालने का काम करना पड़ता है। जिसका आपके स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है।

इन बातों पर भी दें ध्यान

इंसुलिन और अन्य दवाएं समय पर लें।
भोजन, विशेष रूप से कार्ब्स को अपने आहार में जरूर शामिल करें।
शारीरिक गतिविधि का विशेष ध्यान रखें।
तनाव को काबू में रखें।
बीमारियों का सही और बेहतर इलाज करवाने में लापरवाही न बरतें।
अगर आप शराब पीते हैं, तो इससे दूरी बना लें। साथ ही अपने ब्लड शुगर की जांच समय-समय पर करते रहें।